‘नकली संसद में ही PM बन सकते हैं राहुल गांधी’: हैदराबाद से अमित शाह का कांग्रेस पर तीखा प्रहार
हैदराबाद। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हैदराबाद में भारतीय जनता पार्टी के ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ मार्च के बाद एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए विपक्षी दलों और खासकर कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि राहुल गांधी वास्तविक संसद में कभी देश के प्रधानमंत्री नहीं बन सकते, वे सिर्फ कांग्रेस की ‘मॉक पार्लियामेंट’ यानी नकली संसद में ही प्रधानमंत्री पद का सुख भोग सकते हैं। गृह मंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि नकली संसद में प्रधानमंत्री बनकर शायद सोनिया गांधी के मन को शांति मिल जाए, लेकिन हकीकत की राजनीति में जनता के बीच पसीना बहाए बिना कोई देश का नेता नहीं बन सकता।
विदेश दौरों पर सवाल और संविधान के पालन की नसीहत
गृह मंत्री ने राहुल गांधी की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि हर तीन से चार महीने में विदेश यात्राओं पर निकल जाने से चुनाव नहीं जीते जाते। उन्होंने कहा कि विपक्ष के नेता को आम जनता के बीच रहकर उनकी जमीनी मुश्किलों को समझना और सुलझाना होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता हाथ में संविधान की प्रति लेकर सिर्फ दिखावा करते हैं, जबकि असलियत में वे न तो संविधान की गरिमा का पालन करते हैं और न ही लोकतांत्रिक संस्थाओं का सम्मान करते हैं। गृह मंत्री ने कहा कि कांग्रेस का पूरा जोर सिर्फ संसद की कार्यवाही को बाधित करने और हंगामे तक सीमित रहता है।
संसद के विशेष सत्र का खुला राजनीतिक चैलेंज
संसदीय बहस से भागने का आरोप लगाते हुए अमित शाह ने राहुल गांधी को खुला राजनीतिक चैलेंज दिया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार संसद का विशेष सत्र बुलाने के लिए पूरी तरह तैयार है, विपक्ष में हिम्मत है तो वह सदन में आए और हर मुद्दे पर खुली चर्चा करे। उन्होंने दावा किया कि विपक्षी दल कभी भी सदन के पटल पर गंभीर चर्चा के लिए आगे नहीं आएंगे क्योंकि वे जानते हैं कि संसद के भीतर तर्कों के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उनके खोखले दावों की धज्जियां उड़ा देंगे। गृह मंत्री ने कहा कि खबरों में बने रहने के लिए केवल अराजकता फैलाना ही विपक्ष का एकमात्र एजेंडा बन चुका है।
दिल्ली रैली पर प्रहार: ‘वोट बचाओ नहीं, घुसपैठिए बचाओ अभियान’
दिल्ली के रामलीला मैदान में हुई विपक्षी रैली पर पलटवार करते हुए गृह मंत्री ने कहा कि जिसे राहुल गांधी ‘वोट बचाओ रैली’ कह रहे थे, वह असल में देश में गैर-कानूनी तरीके से रह रहे घुसपैठियों को बचाने की कवायद थी। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस एसआईआर (SIR) की प्रक्रिया को रोककर मतदाता सूची से बांग्लादेशी घुसपैठियों के नाम हटाए जाने से बचाना चाहती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि विपक्ष चाहे जितना भी जोर लगा ले, भाजपा सरकार देश की मतदाता सूची और सीमा दोनों से हर एक अवैध घुसपैठिए को बाहर निकाल कर ही दम लेगी।
13 करोड़ वोटर लिस्ट विवाद पर आंकड़ों के साथ जवाब
विपक्ष द्वारा मतदाता सूची से 13 करोड़ नाम हटाए जाने के आरोपों का सिलसिलेवार जवाब देते हुए अमित शाह ने कहा कि राहुल गांधी पूरी तरह सफेद झूठ बोलकर देश को गुमराह कर रहे हैं। उन्होंने आंकड़ों का ब्योरा देते हुए बताया कि सवा छह करोड़ नाम ऐसे मतदाताओं के हैं जो अपना पुराना निवास छोड़कर दूसरी जगहों पर शिफ्ट हो चुके हैं, जबकि दो करोड़ अस्सी लाख नाम उन नागरिकों के हैं जिनका देहांत हो चुका है। इसके अलावा एक करोड़ नाम मतदाता सूची में दोहरी प्रविष्टि वाले थे। उन्होंने कहा कि बाकी बचे तीन करोड़ नाम उन फर्जी मतदाताओं के थे जिनका जमीनी स्तर पर कोई वजूद ही नहीं था और वे दरअसल बांग्लादेशी घुसपैठिए थे, जिन्हें नियम के तहत सूची से बाहर किया गया है।
