टोल प्लाजा पर NSUI का जोरदार प्रदर्शन, चार सूत्रीय मांगों को लेकर किया घेराव
रायपुर। राजधानी रायपुर से सटे तरपोंगी टोल प्लाजा पर शनिवार को NSUI रायपुर जिला इकाई ने जोरदार प्रदर्शन किया। यह आंदोलन चार प्रमुख मांगों को लेकर किया गया, जिसमें NSUI के प्रदेश अध्यक्ष नीरज पांडेय भी मौजूद रहे। जिला अध्यक्ष प्रशांत गोस्वामी के नेतृत्व में सैकड़ों छात्र कार्यकर्ता, पदाधिकारी और युवा कार्यकर्ता टोल प्लाजा के सामने एकजुट होकर टोल टैक्स के खिलाफ आवाज़ बुलंद करते नजर आए।
NSUI की चार प्रमुख मांगें:
- CG-04 पासिंग वाहनों से टोल टैक्स समाप्त किया जाए:
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि रायपुर जिले के भीतर ही टोल लगाना अन्यायपूर्ण है और स्थानीय नागरिकों पर यह आर्थिक बोझ है, जिसे तत्काल हटाया जाए। - छात्रों के लिए “स्टूडेंट टोल पास” की व्यवस्था की जाए:
रोज़ाना रायपुर आकर पढ़ाई करने वाले छात्रों को कोई रियायत नहीं मिल रही है। NSUI ने मांग की कि या तो टोल टैक्स पूरी तरह माफ किया जाए या छात्रों के लिए रियायती पास उपलब्ध कराया जाए। - टोल कर्मचारियों द्वारा दुर्व्यवहार रोका जाए:
प्रदर्शन में यह आरोप भी शामिल था कि टोल स्टाफ द्वारा कई बार वरिष्ठ नागरिकों और महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार किया गया है। NSUI ने कर्मचारियों को व्यवहार-कुशलता का प्रशिक्षण देने और शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई की मांग की। - स्थानीय युवाओं को रोजगार में प्राथमिकता दी जाए:
टोल प्लाजा में बाहरी लोगों को नौकरी दी जा रही है, जबकि स्थानीय बेरोजगार युवाओं को नजरअंदाज़ किया जा रहा है। NSUI ने मांग की कि भर्ती में स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता मिले।
नेताओं के बयान:
प्रदेश अध्यक्ष नीरज पांडेय ने कहा, “यह सिर्फ टोल टैक्स की लड़ाई नहीं, बल्कि छात्रों, नागरिकों और बेरोजगार युवाओं की आवाज़ है। जब तक मांगे पूरी नहीं होतीं, तब तक NSUI का आंदोलन जारी रहेगा।”
वहीं, जिला अध्यक्ष प्रशांत गोस्वामी ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द सकारात्मक कदम नहीं उठाए, तो आंदोलन और भी उग्र होगा और पूरे प्रदेश में फैलाया जाएगा।
इस प्रदर्शन में NSUI के कई प्रमुख पदाधिकारी शामिल हुए, जिनमें उपाध्यक्ष अमित शर्मा, महामंत्री हेमंत पाल, राजा देवांगन, विशाल कुकरेजा, कुणाल दूबे, विकास राजपूताना, हरिओम तिवारी, शिवांक सिंह, प्रशांत चंद्राकर, वैभव मुजेवार, श्रेयांश परघनीया, संयम सिंह, अंकित शर्मा, आलोक सिंह, भूपेंद्र, सत्यदास, प्रिंस सहित कई छात्र नेता शामिल थे।
