Indigo Crisis: सरकार ने एयरलाइंस के किराए पर लगाई लिमिट, पेंडिंग रिफंड 7 दिसंबर तक क्लियर करने का आदेश
Indigo Crisis
Indigo Crisis: देश की सबसे बड़ी एयरलाइन कंपनी इंडिगो की संचालन प्रणाली लगातार चौथे दिन भी बिगड़ी हुई है। सूत्रों के अनुसार, देश के कई प्रमुख शहरों और चार बड़े एयरपोर्ट—दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु और चेन्नई—से 400 से अधिक फ्लाइट्स रद्द की जा चुकी हैं। हजारों यात्री एयरपोर्ट पर फंसे रहे और रातभर परेशानी झेलनी पड़ी। पिछले चार दिनों में रद्द उड़ानों की संख्या 2,000 से पार पहुंच गई है, जबकि रोजाना करीब 500 फ्लाइट्स देरी से चल रही हैं।
हवाई किराए में बढ़ोतरी पर सरकार ने लगाई सीमा
Indigo की अव्यवस्था के बीच कई रूट्स पर किराए में अचानक भारी उछाल देखने को मिला। केंद्र सरकार ने तुरंत संज्ञान लेते हुए हवाई किराए पर मूल्य सीमा (Fare Cap) लागू कर दी है। सरकार ने एयरलाइंस को सख्त निर्देश दिया है कि स्थिति सामान्य होने तक वे इस लिमिट का पालन करें।
सिविल एविएशन मंत्री राम मोहन नायडू ने भी स्पष्ट किया कि नए FDTL नियम 1 नवंबर से लागू हैं, लेकिन अन्य एयरलाइंस को ऐसी समस्या नहीं हुई। इससे लापरवाही इंडिगो की तरफ ही प्रतीत होती है।
Indigo को सभी पेंडिंग रिफंड तुरंत क्लियर करने का आदेश
एविएशन मिनिस्ट्री ने इंडिगो को निर्देश दिया है कि सभी कैंसिल और रुकी हुई फ्लाइट्स के रिफंड 7 दिसंबर रात 8 बजे तक प्रोसेस कर दिए जाएं। साथ ही एयरलाइंस को कहा गया है कि प्रभावित यात्रियों से री-शेड्यूलिंग चार्ज नहीं वसूला जाए। नियमों का पालन न करने पर तुरंत रेगुलेटरी एक्शन लेने की चेतावनी भी दी गई है।
FDTL नियम बदलाव बना संकट की मुख्य वजह
DGCA ने 1 नवंबर से पायलट और केबिन क्रू की Flight Duty Time Limitation (FDTL) में बदलाव किए थे। नए नियमों के तहत पायलटों को ज्यादा रेस्ट देना अनिवार्य किया गया
उड़ानों के लिए सख्त समयसीमा तय की गई
ये नियम 1 जुलाई और 1 नवंबर को दो चरणों में लागू हुए, इंडिगो इन नियमों के बाद पायलट और क्रू की कमी का सामना कर रहा है, जिसके कारण बड़ी संख्या में ऑपरेशंस प्रभावित हुए। DGCA ने मौजूदा हालात को देखते हुए इंडिगो को 10 फरवरी 2026 तक वीकली रेस्ट नियमों में राहत दी है।
टिकटों के दाम आसमान पर
उड़ानें रद्द होने से कई रूट्स पर किराए कई गुना बढ़ गए।
दिल्ली–मुंबई: 60,000 रुपये (एयर इंडिया)
चेन्नई–दिल्ली: 41,000 रुपये (इंडिया एक्सप्रेस)
स्पाइसजेट: 69,000 रुपये तक
यात्री मजबूर होकर महंगे लास्ट-मिनट टिकट बुक कर रहे हैं।
