Chhattisgarh Pensioners : डेढ़ लाख पेंशनर्स के लिए बड़ी खुशखबरी! सरकार का बड़ा फैसला
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने दी जानकारी, कहा- घोषणा होते ही लागू होगी DRA, दोनों राज्यों की सहमति से प्रावधान में संशोधन
रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने मध्य प्रदेश कैडर से जुड़े पेंशनर्स और उनके परिवारों को बड़ी राहत दी है। अब महंगाई राहत भत्ता (DRA) बढ़ाने के लिए मध्य प्रदेश सरकार से इजाजत लेने की अनिवार्यता समाप्त कर दी गई है। इस फैसले से राज्य के करीब डेढ़ लाख पेंशन परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा। यह पेंशनर्स के लिए एक बड़ी राहत है।
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने इस अहम फैसले की जानकारी देते हुए बताया कि अब छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा महंगाई राहत बढ़ाने की घोषणा होते ही यह संबंधित पेंशनर्स पर लागू हो जाएगी। पहले DR लागू करने से पहले मध्य प्रदेश सरकार की सहमति लेना जरूरी था। यही वजह है कि राहत मिलने में अक्सर देरी होती थी।
केंद्र सरकार के घोषित दर से ज्यादा नहीं होगी DRA
राज्य पुनर्गठन के बाद बने इस प्रावधान में अब दोनों राज्यों की आपसी सहमति से संशोधन किया गया है। नई व्यवस्था के तहत छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश सरकारें केवल महंगाई राहत से जुड़े वित्तीय भार की जानकारी एक-दूसरे के साथ साझा करेंगी।
हालांकि, दोनों राज्यों द्वारा दी जाने वाली महंगाई राहत केंद्र सरकार द्वारा घोषित दर से अधिक नहीं होगी। इससे पेंशनर्स को पारदर्शी और समय पर राहत मिल सकेगी। इससे प्रशासनिक प्रक्रिया सरल हुई है।
एमपी के 4 लाख पेंशनरों को भी राहत
उधर, मध्य प्रदेश सरकार ने भी इसी संबंध में आदेश जारी कर दिया है। नए नियम के तहत मध्य प्रदेश भी छत्तीसगढ़ की मंजूरी का इंतजार किए बिना अपने पात्र पेंशनर्स को महंगाई राहत लागू कर सकेगा।
बताया जा रहा है कि इस बदलाव से दोनों राज्यों के लगभग 4 लाख पेंशनर्स को समय पर महंगाई राहत मिलने का रास्ता साफ हो गया है। यह निर्णय दोनों राज्यों के पेंशनर्स के लिए लाभकारी साबित होगा।
छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश सरकारों के इस फैसले से पेंशनर्स को अब समय पर महंगाई राहत मिलेगी। पहले दोनों राज्यों की सहमति की प्रक्रिया में देरी होती थी, जिससे पेंशनर्स को परेशानी उठानी पड़ती थी। अब दोनों राज्यों ने आपसी सहमति से इस प्रक्रिया को सरल बना दिया है।
