Mahamaya Mandir Controversy: युवक को चप्पल से पीटने का वीडियो वायरल, BJP नेत्री रेहाना बेगम पर गिरी गाज; मंदिर ट्रस्ट ने भी लिया एक्शन
Mahamaya Mandir Controversy: युवक की पिटाई करने वाली BJP नेत्री पद से हटाईं, दो गिरफ्तार
Mahamaya Mandir Controversy: महामाया मंदिर में युवक की चप्पल से पिटाई का वीडियो वायरल होते ही मामला गरमा गया। BJP नेत्री रेहाना बेगम को जांच तक पद से हटा दिया गया, पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया और मंदिर ट्रस्ट ने 4 दुकानदारों को दुकानें हटाने का नोटिस दिया। आखिर 22 अगस्त को मंदिर परिसर में ऐसा क्या हुआ था? पूरी खबर पढ़िए।
Mahamaya Mandir Controversy: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के रतनपुर स्थित प्रसिद्ध महामाया मंदिर परिसर में युवक की चप्पल से पिटाई का वीडियो वायरल होने के बाद मामला तूल पकड़ता जा रहा है। विवाद के बाद भाजपा संगठन, मंदिर ट्रस्ट और पुलिस ने अपने-अपने स्तर पर कार्रवाई शुरू कर दी है। भाजपा ग्रामीण जिला अध्यक्ष मोतीलाल जायसवाल ने रतनपुर अल्पसंख्यक मोर्चा की महामंत्री रेहाना बेगम को जांच पूरी होने तक पद से मुक्त कर दिया है।
जानकारी के मुताबिक, 22 अगस्त को महामाया मंदिर के गेट के पास पुराने चोरी के विवाद को लेकर दो पक्ष आमने-सामने आ गए थे। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच गाली-गलौज और मारपीट शुरू हो गई। इसी दौरान भाजपा से जुड़ी रेहाना बेगम ने दूसरे पक्ष के एक युवक की चप्पल से पिटाई कर दी।
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विवाद ने और तूल पकड़ लिया। वायरल वीडियो में एक महिला बाइक से उतरकर युवक को चप्पल से मारती हुई दिखाई दे रही हैं। घटना के बाद दोनों पक्षों की ओर से पुलिस में शिकायत की गई।
पुलिस ने दर्ज की FIR, दो गिरफ्तार
रतनपुर थाना पुलिस ने मामले में FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। रतनपुर टीआई नीलेश पांडेय के मुताबिक, विवाद के मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस पूरे घटनाक्रम में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, रेहाना बेगम के खिलाफ शिकायत के आधार पर SC-ST एक्ट के तहत भी अपराध दर्ज किया गया है। पुलिस अब वायरल वीडियो और शिकायतों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की पड़ताल कर रही है।
भाजपा नेत्री को जांच तक पद से हटाया
विवाद का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद भाजपा संगठन ने भी मामले को गंभीरता से लिया। भाजपा ग्रामीण जिला अध्यक्ष मोतीलाल जायसवाल ने रेहाना बेगम को अल्पसंख्यक मोर्चा की महामंत्री के पद से जांच अवधि तक पदमुक्त कर दिया।
जायसवाल के मुताबिक, संगठन अनुशासन से जुड़े मामलों में तत्काल संज्ञान लेता है। निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने और जांच में किसी तरह की बाधा न आए, इसलिए जांच पूरी होने तक उन्हें पद से मुक्त किया गया है।

4 दुकानदारों को सात दिन में दुकानें हटाने का नोटिस
विवाद के बाद महामाया मंदिर ट्रस्ट ने भी कार्रवाई शुरू की है। ट्रस्ट ने चार दुकानदारों को नोटिस जारी कर सात दिन के भीतर दुकानें हटाने के निर्देश दिए हैं।
जिन दुकानदारों को नोटिस दिया गया है, उनमें भागवत उर्फ राहुल पटेल की महामाया फ्लावर दुकान, ईश्वर प्रधान, चिंकी प्रधान और राजू शर्मा की दुकानें शामिल हैं।
ट्रस्ट का कहना है कि विवाद के दौरान गाली-गलौज का वीडियो सामने आया, जिससे मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं की भावनाएं आहत हुईं और मंदिर परिसर का माहौल प्रभावित हुआ। नोटिस में निर्धारित समय के भीतर दुकानें नहीं हटाने पर बलपूर्वक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
हिंदू संगठनों ने सौंपा ज्ञापन
विवाद के बाद कुछ हिंदू संगठनों ने मंदिर ट्रस्ट को ज्ञापन सौंपकर मंदिर परिसर में गैर-हिंदुओं की दुकानों को बंद कराने की मांग की। संगठनों की ओर से नवरात्रि के दौरान एक निजी कंपनी के तेल की खरीद नहीं करने की अपील भी की गई।
हिंदू संगठनों ने इस मुद्दे पर प्रदर्शन की तैयारी भी की थी, लेकिन कुछ नेताओं के मौके पर नहीं पहुंचने के कारण मामला फिलहाल ज्ञापन तक सीमित रहा। स्थिति को देखते हुए मंदिर परिसर में एहतियात के तौर पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया था।

अब पुलिस जांच के नतीजों पर नजर
वायरल वीडियो के बाद शुरू हुआ यह विवाद अब पुलिस कार्रवाई के साथ-साथ मंदिर ट्रस्ट और भाजपा संगठन तक पहुंच चुका है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। जांच में यह स्पष्ट होने की उम्मीद है कि विवाद की शुरुआत कैसे हुई और मारपीट की घटना में किन-किन लोगों की भूमिका रही।
Mahamaya Mandir Controversy में आगे और कार्रवाई होती है या नहीं, यह पुलिस जांच के निष्कर्षों पर निर्भर करेगा।
