20 या 21 मार्च कब मनाई जाएगी ईद? जानिए
ईद-उल-फितर को लेकर मुस्लिम समुदाय में उत्साह बढ़ता जा रहा है। यह इस्लाम धर्म के सबसे महत्वपूर्ण त्योहारों में से एक माना जाता है। एक महीने तक रोजा रखने, इबादत करने और आत्मसंयम का पालन करने के बाद ईद का दिन खुशियां मनाने और अल्लाह का शुक्रिया अदा करने का अवसर लेकर आता है।
इस बार कब मनाई जाएगी ईद
Eid al‑Fitr की सही तारीख चांद के दीदार पर निर्भर करती है। इस्लामी कैलेंडर के अनुसार Ramadan के बाद Shawwal महीने की शुरुआत होती है और इसी महीने का पहला दिन ईद-उल-फितर के रूप में मनाया जाता है।
इस बार यदि 19 मार्च की शाम को शव्वाल का चांद दिखाई देता है तो भारत में ईद 20 मार्च को मनाई जाएगी। अगर उस दिन चांद नजर नहीं आता है तो रमजान के 30 रोजे पूरे होने के बाद ईद 21 मार्च को मनाई जा सकती है। भारत में चांद दिखने की आधिकारिक घोषणा स्थानीय चांद कमेटियों और धार्मिक संगठनों द्वारा की जाती है।
रमजान और ईद का संबंध
रमजान इस्लामी कैलेंडर का नौवां महीना होता है और इसे इबादत, संयम और आध्यात्मिक साधना का समय माना जाता है। इस दौरान मुस्लिम समुदाय के लोग सूर्योदय से सूर्यास्त तक रोजा रखते हैं और नमाज, कुरान पाठ तथा दुआ में समय बिताते हैं। रमजान समाप्त होने के बाद शव्वाल महीने की शुरुआत के साथ ही ईद-उल-फितर मनाई जाती है।
ईद-उल-फितर का इतिहास
इस्लामी परंपराओं के अनुसार Muhammad के समय से ईद-उल-फितर मनाने की शुरुआत मानी जाती है। माना जाता है कि 624 ईस्वी में Battle of Badr के बाद पहली बार मुसलमानों ने यह त्योहार मनाया था। उस समय इस पर्व को अल्लाह का शुक्रिया अदा करने और समुदाय के बीच खुशियां बांटने के रूप में मनाया गया था।
