नक्सलमुक्त नारायणपुर में बरामद हुआ हथियारों का डंप, लॉन्चर और राइफल जब्त
नारायणपुर जिले के मसपुर-गुडरापाल वन क्षेत्र में चलाए गए विशेष सर्च अभियान के दौरान सुरक्षा बलों को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। बीएसएफ और पुलिस की संयुक्त टीम ने जंगल में छिपाकर रखे गए हथियारों और अन्य सामग्रियों के एक डंप का पता लगाते हुए उसे बरामद कर लिया। अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और किसी भी संभावित नक्सली गतिविधि को रोकने के उद्देश्य से की गई।
जंगल में छिपाकर रखा गया था हथियारों का भंडार
16 जून को बीएसएफ की 133वीं वाहिनी की टीम नियमित तलाशी अभियान के तहत मसपुर कैंप से निकली थी। जंगल में गहन सर्चिंग के दौरान जवानों को एक संदिग्ध स्थान दिखाई दिया। जांच करने पर वहां जमीन और झाड़ियों के बीच छिपाकर रखी गई हथियारों एवं अन्य सामग्री की खेप मिली, जिसे तत्काल जब्त कर लिया गया।
लॉन्चर, राइफल और कारतूस सहित कई सामग्री मिली
बरामद सामान में एक देसी बीजीएल लॉन्चर, सात बीजीएल गन, एक 12 बोर राइफल, 37 कारतूस, 15 मीटर वायर और पांच पोच शामिल हैं। सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि इन सामग्रियों को काफी समय पहले जंगल में छिपाया गया था और इन्हें जरूरत पड़ने पर इस्तेमाल करने की योजना थी।
नक्सलमुक्त जिले में भी जारी है निगरानी
हालांकि नारायणपुर को मार्च 2026 में नक्सलमुक्त घोषित किया जा चुका है, लेकिन सुरक्षा बल अब भी संवेदनशील इलाकों में लगातार अभियान चला रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि जंगलों में छिपाए गए पुराने हथियारों और विस्फोटक सामग्रियों की तलाश के लिए नियमित सर्चिंग जरूरी है, ताकि क्षेत्र में शांति और सुरक्षा बनी रहे।
आगे भी जारी रहेंगे संयुक्त अभियान
पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा बलों ने स्पष्ट किया है कि जिले के दूरस्थ और वन क्षेत्रों में तलाशी अभियान आगे भी जारी रहेगा। सुरक्षा एजेंसियां किसी भी अवैध गतिविधि को रोकने और क्षेत्र को पूरी तरह सुरक्षित बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी और कार्रवाई कर रही हैं।
