जुलाई की पहली खुशखबरी! LPG के दाम गिरे, पेट्रोल-डीजल पर भी राहत
19 किलो के कमर्शियल सिलेंडर में 183 रुपये की कटौती, पेट्रोल 5 रुपये और डीजल 3 रुपये सस्ता.. घरेलू सिलेंडर के दाम स्थिर
LPG cylinder price cut : जुलाई महीने के पहले दिन उपभोक्ताओं को कई राहतें मिली हैं। इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम ने 19 किलो वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में 174 से 183.50 रुपये तक की कटौती की है. वहीं नायरा एनर्जी ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में क्रमशः 5 रुपये और 3 रुपये प्रति लीटर की कटौती की है. घर की रसोई में इस्तेमाल होने वाले 14.2 किलो वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है.
कॉमर्शियल LPG सिलेंडर कहां कितने हुए सस्ते?
प्रमुख शहरों में 19 किलो वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की नई कीमतें इस प्रकार हैं …
- दिल्ली: ₹2,930 (₹183.50 की कटौती)
- कोलकाता: ₹3,081.50 (₹174 की कटौती)
- मुंबई: ₹2,885.50 (₹182 की कटौती)
- लखनऊ: ₹3,052.50 (₹183.50 की कटौती)
- पटना: ₹3,227 (₹183.50 की कटौती)
यह व्यवसायों और खासकर होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा संचालकों के लिए राहत लेकर आया है.
Nayara Energy ने पेट्रोल-डीजल में कटौती की
प्राइवेट फ्यूल रिटेलर नायरा एनर्जी ने पेट्रोल 5 रुपये प्रति लीटर और डीजल 3 रुपये प्रति लीटर सस्ता कर दिया है. नई कीमतें 1 जुलाई से लागू हो गई हैं. नायरा एनर्जी रूस की रोसनेफ्ट समर्थित फ्यूल कंपनी है और देशभर में इसके 7,000 से अधिक पेट्रोल पंप हैं. इसके साथ ही यह प्राइवेट सेक्टर की देश की सबसे बड़ी पेट्रोल-डीजल रिटेल सेलर है. नायरा के बाद इंडियन ऑयल, बीपीसीएल और एचपीसीएल भी पेट्रोल-डीजल के दाम सस्ता कर सकती हैं.
घरेलू गैस सिलेंडर के दाम स्थिर
घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 14.2 किलो वाले एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है. दिल्ली में घरेलू सिलेंडर की कीमत 942 रुपये पर स्थिर है. अन्य शहरों में घरेलू सिलेंडर के दाम
- नोएडा: ₹939
- चंडीगढ़: ₹951
- मुंबई: ₹941
- पटना: ₹1,031
- कोलकाता: ₹968
- चेन्नई: ₹957.50
- हैदराबाद: ₹994
- लखनऊ: ₹979.50
डीजल की 200 लीटर लिमिट 1 जुलाई से हटी
पेट्रोलियम मंत्रालय ने 1 जुलाई से पेट्रोल पंपों पर एक गाड़ी में एक दिन में सिर्फ 200 लीटर डीजल भरने की सीमा को समाप्त कर दिया है, यानी अब उपभोक्ता अपनी आवश्यकता अनुसार डीजल भरवा सकेंगे. इसके साथ ही फैक्ट्रियों और कॉमर्शियल खरीदारों पर लगी रोक भी हटा दी गई है. मंत्रालय ने 11 जून को पेट्रोल-डीजल की किल्लत की वजह से ये पाबंदियां लगाई थीं, जिन्हें सप्लाई सुधरने के बाद 29 जून के नए आदेश के जरिए वापस ले लिया गया है.
यह खाड़ी युद्ध के बाद ईंधन की कीमतों में पहली बड़ी राहत है. फिलहाल, सरकारी तेल कंपनियों ने अभी पेट्रोल-डीजल के दामों में कोई बदलाव नहीं किया है, लेकिन उम्मीद जताई जा रही है कि वे भी जल्द ही कीमतों में कटौती कर सकती हैं.
