खालिस्तानी आतंकी Gurpatwant Singh Pannun की हत्या का मामला… निखिल गुप्ता को 24 साल की सजा
खालिस्तानी आतंकी Gurpatwant Singh Pannun की हत्या की साजिश मामले में बड़ा मोड़ आया है। भारतीय नागरिक निखिल गुप्ता ने शुक्रवार को न्यूयॉर्क की फेडरल कोर्ट में अपना जुर्म कबूल कर लिया है। इसके बाद कोर्ट ने निखिल गुप्ता को 24 साल की जेल की सजा सुनाई है। औपचारिक सजा का ऐलान 29 मई 2026 को जज विक्टर मारेरो द्वारा किया जाएगा।
यूएस अटॉर्नी ऑफिस, साउदर्न डिस्ट्रिक्ट ऑफ न्यूयॉर्क ने इसकी पुष्टि की है। FBI ने एक्स पर पोस्ट कर निखिल गुप्ता के अपराध कबूलने की जानकारी दी। FBI के मुताबिक, यह साजिश एक अमेरिकी नागरिक की हत्या के लिए रची गई थी, जिसे अमेरिकी एजेंसियों ने समय रहते नाकाम कर दिया।
अमेरिकी अटॉर्नी का बयान
अमेरिकी अटॉर्नी जे क्लेटन ने कहा, “निखिल गुप्ता ने न्यूयॉर्क में एक अमेरिकी नागरिक की हत्या की साजिश रची। उसे लगा कि वह बाहर बैठकर यहां किसी को मार सकता है और उसे कुछ नहीं होगा, लेकिन वह गलत था। अब उसे सजा मिलेगी। गुप्ता ने तीन आरोपों में दोष कबूल किया है हत्या की सुपारी देना, हत्या की साजिश रचना और पैसे की हेराफेरी की साजिश। इन सभी मामलों में मिलाकर उन्हें अधिकतम 40 साल तक की जेल हो सकती थी।”
साजिश कैसे रची गई
अमेरिकी चार्जशीट के मुताबिक, मई 2023 में एक शख्स (जिसे “सीसी-1” कहा गया है) ने गुप्ता से संपर्क किया और उसे इस काम के लिए तैयार किया। बाद में अमेरिकी सरकार ने सीसी-1 की पहचान विकास यादव के रूप में की। बताया गया कि वे पहले सेंट्रल रिजर्व पुलिस फोर्स में थे और उस समय रिसर्च एंड एनालिसिस विंग से जुड़े काम देख रहे थे। अक्टूबर 2024 में अमेरिकी न्याय विभाग ने यादव पर औपचारिक आरोप लगाए। वे अभी भारत में हैं और फरार बताए जा रहे हैं। दिल्ली पुलिस ने उन्हें एक अलग वसूली के मामले में दर्ज किया है।
निखिल गुप्ता की गिरफ्तारी
Gurpatwant Singh Pannun की हत्या की साजिश रचने के आरोप में निखिल गुप्ता को 30 जून 2023 को चेक गणराज्य पुलिस ने गिरफ्तार किया था। 14 जून 2024 को निखिल को अमेरिका प्रत्यर्पित कर दिया गया था। तब से वे ब्रुकलिन में बिना जमानत जेल में बंद हैं।
यह मामला भारत-अमेरिका संबंधों में तनाव का कारण बना था। अमेरिकी न्याय विभाग ने दावा किया है कि भारतीय सरकार के एक कर्मचारी ने निखिल गुप्ता को Gurpatwant Singh Pannun की हत्या के लिए हिटमैन की व्यवस्था करने को कहा था। आरोपपत्र में उस कर्मचारी को CC-1 कहा गया है।
अब 29 मई 2026 को औपचारिक सजा सुनवाई होगी।
