Sanju Samson T20 World Cup Record: महज़ 5 मैच खेल कर भी वर्ल्ड कप पर राज किया, संजू सैमसन बने टूर्नामेंट के बादशाह, जानिए क्यों हो रही इतनी चर्चा
Sanju Samson T20 World Cup Record: टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारतीय बल्लेबाज Sanju Samson ने ऐसा कारनामा कर दिखाया, जिसने क्रिकेट के कई पुराने गणित बदल दिए। टीम इंडिया ने पूरे टूर्नामेंट में कुल 9 मुकाबले खेले, लेकिन संजू सैमसन केवल 5 मैचों में ही मैदान पर उतरे। इसके बावजूद उनके शानदार प्रदर्शन ने उन्हें टूर्नामेंट का सबसे बड़ा खिलाड़ी बना दिया और उन्हें ‘प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट’ का पुरस्कार मिला।
संजू ने यह साबित कर दिया कि क्रिकेट में केवल मैचों की संख्या ही नहीं, बल्कि सही समय पर खेली गई पारियां ज्यादा मायने रखती हैं।
बड़े मुकाबलों में खेली निर्णायक पारियां
टूर्नामेंट के अहम चरणों में संजू सैमसन का प्रदर्शन बेहद शानदार रहा। सुपर-8 मुकाबले में उन्होंने नाबाद 97 रन बनाए। इसके बाद सेमीफाइनल में 89 रन और फाइनल में भी 89 रनों की दमदार पारी खेली।
इन पारियों ने भारतीय टीम को जीत की राह पर मजबूती से आगे बढ़ाया। बड़े मैचों में उनका आत्मविश्वास और आक्रामक बल्लेबाजी टीम के लिए निर्णायक साबित हुई।
चार मैच छोड़कर जीता बड़ा पुरस्कार
क्रिकेट इतिहास में यह बहुत ही दुर्लभ उपलब्धि मानी जा रही है। इससे पहले केवल चार खिलाड़ियों ने ही ऐसे आईसीसी टूर्नामेंट में ‘प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट’ का खिताब जीता था, जब उन्होंने सभी मैच नहीं खेले थे। हालांकि उन खिलाड़ियों ने अधिकतम केवल एक मैच छोड़ा था।
लेकिन Sanju Samson ने चार मैच नहीं खेले और फिर भी यह सम्मान हासिल किया। इससे उनकी मैच बदलने की क्षमता और मानसिक मजबूती का अंदाजा लगाया जा सकता है।
टी20 वर्ल्ड कप में छक्कों की बरसात
टी20 वर्ल्ड कप 2026 बल्लेबाजों के लिए बेहद खास टूर्नामेंट साबित हुआ। पूरे टूर्नामेंट में कुल 780 छक्के लगे, जो किसी भी टी20 वर्ल्ड कप में अब तक का सबसे बड़ा रिकॉर्ड है।
इससे पहले 2024 के संस्करण में 517 छक्के लगे थे। यानी इस बार छक्कों की संख्या में करीब 50.87 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
भारत और श्रीलंका में दिखा बल्लेबाजों का जलवा
भारत और श्रीलंका में खेले गए मुकाबलों में बल्लेबाजों ने जमकर आक्रामक खेल दिखाया। भारत में खेले गए 35 मैचों में 600 छक्के लगे, जबकि श्रीलंका में 180 छक्के दर्ज किए गए।
अगर गेंदों के हिसाब से देखें तो पूरे टूर्नामेंट में हर 15.52 गेंद पर एक छक्का लगा, जो टी20 वर्ल्ड कप इतिहास का सबसे बेहतर स्ट्राइक रेट माना जा रहा है।
