मेरठ के चर्चित नीले ड्रम हत्याकांड में बड़ा फैसला: दोषी मुस्कान और प्रेमी साहिल को फांसी की सजा
मेरठ। उत्तर प्रदेश के मेरठ में देशभर में सुर्खियों में रहे बहुचर्चित नीले ड्रम हत्याकांड में अदालत ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। अदालत ने अपने पति की बेरहमी से हत्या कर शव को नीले ड्रम में छिपाने की दोषी पत्नी मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल को फांसी की सजा सुनाई है। जिला जेल से दोनों दोषियों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोर्ट के समक्ष पेश किया गया, जहां जज ने इस क्रूरतम कृत्य के लिए दोनों को मृत्युदंड का आदेश दिया।
अदालत ने माना जघन्य अपराध
अदालत ने दोनों दोषियों के कृत्य को अत्यंत जघन्य मानते हुए फांसी की सजा मुकर्रर की। इसके साथ ही कोर्ट ने दोषियों पर 50 हजार और 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। फैसला सुनाते हुए अदालत ने महाभारत का संदर्भ दिया और कहा कि अपराधी को उसके अपराध के अनुरूप सजा देना भी धर्म का कार्य है। अदालत ने टिप्पणी की कि अपराध की गंभीरता और भयावहता को देखते हुए यह फैसला समाज के लिए एक नजीर साबित होगा, ताकि इस तरह के भयानक अपराधों पर रोक लग सके।
13 महीने का ट्रायल, 126 तारीखें और 22 से अधिक गवाह
सौरभ राजपूत हत्याकांड में जिला जज अरविंद कुमार मिश्रा की अदालत ने बीते 30 सितंबर को मुस्कान रस्तोगी और साहिल को दोषी करार दिया था और सजा के निर्धारण के लिए 14 अक्टूबर की तारीख नियत की थी। इस मामले का ट्रायल जुलाई 2025 में शुरू हुआ था। लगभग 13 महीनों तक चली लंबी अदालती बहस और 126 तारीखों की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने 22 से अधिक गवाहों के बयान दर्ज कराए, जिसके आधार पर दोनों का दोष सिद्ध हुआ।
परिवार ने लगाई थी फांसी की गुहार
फैसले के बाद मृतक सौरभ राजपूत के परिवार ने राहत की सांस ली है। सौरभ के परिजनों ने शुरुआत से ही दोषियों के लिए फांसी की मांग की थी। मृतक के भाई राहुल ने कहा कि वे पहले दिन से ही न्याय की उम्मीद लगाए बैठे थे और उनकी केवल एक ही मांग थी कि जिसने उनके भाई के साथ यह दरिंदगी की, उसे भी कानूनन वही सजा मिलनी चाहिए।
देशभर में गूंजा था नीले ड्रम का खौफनाक मामला
यह पूरा मामला तब सामने आया था जब सौरभ राजपूत का शव उसी के घर में एक नीले रंग के प्लास्टिक ड्रम के भीतर से बरामद हुआ था। जांच में खुलासा हुआ कि पत्नी मुस्कान रस्तोगी ने अपने प्रेमी साहिल के साथ मिलकर इस खौफनाक साजिश को अंजाम दिया और पहचान छिपाने के लिए शव को ड्रम में बंद कर दिया था। पुलिस ने पिछले साल 19 मार्च को त्वरित कार्रवाई करते हुए मुस्कान और साहिल को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था, जिसके बाद से दोनों न्यायिक हिरासत में थे।
