Assam Flood News: असम में बाढ़ का कहर, एक ही दिन में 10 लोगों की मौत, 6.53 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित
Assam Flood News: 11 जिले बाढ़ की चपेट में हैं, 6.53 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हैं और पिछले 24 घंटों में 10 लोगों की जान जा चुकी है
Assam Flood News: आखिर असम में बाढ़ इतनी भयावह कैसे हो गई? किन जिलों में सबसे ज्यादा तबाही मची है, मौसम विभाग ने क्यों जारी किया ऑरेंज अलर्ट और प्रशासन ने राहत कार्यों को लेकर क्या बड़े निर्देश दिए हैं? जानिए पूरी रिपोर्ट।
Assam Flood News: असम में बाढ़ का कहर, एक ही दिन में 10 लोगों की मौत, 6.53 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित
असम में लगातार हो रही बारिश ने जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। राज्य में बाढ़ की स्थिति लगातार गंभीर होती जा रही है। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) के अनुसार, फिलहाल राज्य के 11 जिले बाढ़ की चपेट में हैं, जहां 6.53 लाख से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं। सबसे चिंता की बात यह है कि पिछले 24 घंटों के भीतर 10 लोगों की मौत हो गई, जिसके बाद इस वर्ष बाढ़ से मरने वालों की कुल संख्या बढ़कर 41 हो गई है।
लगातार बढ़ते जलस्तर और भारी बारिश के कारण कई गांवों का संपर्क टूट गया है। हजारों परिवारों को सुरक्षित स्थानों और राहत शिविरों में पहुंचाया जा रहा है। कई इलाकों में लोगों के घर पानी में डूब गए हैं, जिससे सामान्य जीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है।
इन जिलों में सबसे ज्यादा तबाही
ASDMA की रिपोर्ट के मुताबिक, शिवसागर, चराइदेव, धेमाजी, डिब्रूगढ़, गोलाघाट, होजाई, जोरहाट, कामरूप, कामरूप महानगर, कार्बी आंगलोंग और नगांव जिले सबसे अधिक प्रभावित हैं।
मौतों के आंकड़ों की बात करें तो शिवसागर और जोरहाट में तीन-तीन लोगों की जान गई है, जबकि चराइदेव में दो तथा कार्बी आंगलोंग और धेमाजी में एक-एक व्यक्ति की मौत हुई है।
IMD ने जारी किया ऑरेंज अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राज्य के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क रहने की अपील करते हुए अगले चार दिनों तक कई इलाकों में भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना जताई है। इसके साथ ही आगामी दिनों के लिए येलो अलर्ट भी जारी किया गया है।
विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार बारिश के चलते नदियों का जलस्तर और बढ़ सकता है, जिससे बाढ़ की स्थिति और गंभीर होने की आशंका है।

राहत कार्यों में तेजी लाने के निर्देश
बाढ़ की गंभीर स्थिति को देखते हुए असम के मुख्य सचिव रवि कोटा ने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में सबसे अधिक प्रभावित चराइदेव, शिवसागर, जोरहाट और गोलाघाट जिलों की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की गई।
मुख्य सचिव ने सभी संबंधित विभागों को राहत और बचाव कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही बाढ़ प्रभावित इलाकों में सड़क, बिजली और अन्य बुनियादी सुविधाओं की बहाली के साथ राहत शिविरों में भोजन, दवाइयों और अन्य जरूरी सामग्री की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने को कहा गया है।
लोगों के सामने बड़ा संकट
बाढ़ प्रभावित इलाकों में हजारों परिवारों के सामने रहने, खाने और पीने के पानी की समस्या खड़ी हो गई है। कई जगहों पर खेत पूरी तरह जलमग्न हो चुके हैं, जिससे किसानों की चिंता भी बढ़ गई है। प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और लोगों से सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील कर रहा है।
मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए आने वाले कुछ दिन असम के लिए बेहद अहम माने जा रहे हैं। यदि बारिश का सिलसिला इसी तरह जारी रहा तो प्रभावित लोगों की संख्या और बढ़ सकती है।
