ध्यानाकर्षण में परीक्षा केंद्रों को लेकर तीखी बहस :’सैकड़ों बच्चे 15 किलोमीटर दूर जाकर दे रहे परीक्षा, क्यों नहीं बनाया जा रहा केंद्र’
छत्तीसगढ़ विधानसभा ध्यानाकर्षण
छत्तीसगढ़ विधानसभा में पीएमश्री आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय रामचन्द्रपुर को परीक्षा केंद्र नहीं बनाए जाने का मुद्दा जोरशोर से उठा। ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के माध्यम से विधायकों ने इस फैसले पर सवाल खड़े किए और इसे विद्यार्थियों के भविष्य से जुड़ा गंभीर विषय बताया।
परीक्षा केंद्र से वंचित, बच्चों को हो रही परेशानी
विधायकों ने सदन में कहा कि परीक्षा केंद्र से वंचित किए जाने के कारण छात्रों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बच्चों को परीक्षा देने के लिए करीब 15 किलोमीटर दूर जाना पड़ रहा है, जिससे खासकर ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के छात्र प्रभावित हो रहे हैं।
प्रमोद मिंज, अजय चंद्राकर और रिकेश सेन ने उठाया मुद्दा
इस मुद्दे पर विधायक प्रमोद मिंज, अजय चंद्राकर और रिकेश सेन ने ध्यानाकर्षण प्रस्ताव लगाया। रिकेश सेन ने कहा कि बच्चों को 15 किलोमीटर दूर जाकर परीक्षा देनी पड़ रही है, जो न केवल असुविधाजनक है बल्कि बच्चों की सुरक्षा और पढ़ाई दोनों के लिए नुकसानदायक है।
केंद्र सरकार के नियमों के उल्लंघन का आरोप
विधायकों ने आरोप लगाया कि परीक्षा केंद्र से स्कूल को वंचित रखना केंद्र सरकार के नियमों का उल्लंघन है। उनका कहना था कि यह फैसला छात्रों के हित में नहीं है और इसे तुरंत सुधारा जाना चाहिए।
विधायक और मंत्री के बीच हुई तीखी बहस
ध्यानाकर्षण के दौरान स्कूल को दोबारा परीक्षा केंद्र बनाए जाने को लेकर विधायक और मंत्री के बीच तीखी बहस भी देखने को मिली। विधायकों ने कहा कि नकल के एक मामले के कारण पूरे स्कूल को सजा देना उचित नहीं है।
नकल के दोषियों को मिल चुकी सजा: विधायक
विधायक रिकेश सेन और सुशांत शुक्ला ने शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव को घेरते हुए कहा कि नकल के दोषी छात्रों और शिक्षकों को पहले ही सजा दी जा चुकी है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब दोषियों पर कार्रवाई हो चुकी है, तो पूरे स्कूल को परीक्षा केंद्र से वंचित क्यों रखा जा रहा है।
एक साल में खोलने की घोषणा, दो साल बीते
विधायकों ने सदन में यह भी याद दिलाया कि स्कूल को एक साल बाद फिर से परीक्षा केंद्र बनाए जाने की घोषणा पहले ही सदन में हो चुकी थी, लेकिन अब दो साल बीत जाने के बावजूद अब तक स्कूल को केंद्र नहीं बनाया गया। इसका खामियाजा सैकड़ों बच्चों को भुगतना पड़ रहा है, जिन्हें कई किलोमीटर पैदल चलकर परीक्षा देने जाना पड़ रहा है।
शिक्षा मंत्री का जवाब: आदेश जारी हो चुका है
सदन में जवाब देते हुए शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने कहा कि पीएमश्री आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय रामचन्द्रपुर को परीक्षा केंद्र बनाए जाने का आदेश जारी किया जा चुका है। जल्द ही इसके प्रभावी क्रियान्वयन की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।
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