MP में OBC को लेकर कांग्रेस ने बनाई नई रणनीति, अरुण यादव से हीना कांवरे तक 7 नेताओं को जिम्मेदारी
भोपाल। मध्य प्रदेश में अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) आरक्षण और इस वर्ग से जुड़े मुद्दों को लेकर कांग्रेस पार्टी ने अपनी जमीनी और रणनीतिक तैयारी तेज कर दी है। कांग्रेस ने राज्य में ओबीसी के सामाजिक, शैक्षणिक और राजनीतिक अधिकारों को धार देने के लिए एक विशेष प्रदेश स्तरीय कमेटी का गठन किया है। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी ने इस संबंध में आधिकारिक आदेश जारी कर दिया है।
सामाजिक, शैक्षणिक और राजनीतिक रणनीति का खाका तैयार करेगी कमेटी
गठित की गई यह राज्य स्तरीय कमेटी मुख्य रूप से मध्य प्रदेश में ओबीसी वर्ग के समग्र उत्थान के लिए विस्तृत रोडमैप तैयार करेगी। कमेटी का प्रमुख दायित्व यह सुनिश्चित करना होगा कि सामाजिक न्याय, शैक्षणिक अवसर और राजनीतिक प्रतिनिधित्व में ओबीसी वर्ग को उनकी आबादी के अनुपात में अधिकार मिल सकें। इसके साथ ही आरक्षण के कानूनी और नीतिगत पहलुओं पर भी यह समिति पार्टी के लिए कार्ययोजना बनाएगी।
कमेटी में इन 7 प्रमुख चेहरों को मिली जगह
कांग्रेस आलाकमान ने संतुलन साधते हुए समिति में पार्टी के अनुभवी और कद्दावर ओबीसी नेताओं को जिम्मेदारी सौंपी है। इस 7 सदस्यीय कमेटी में निम्नलिखित नेताओं को शामिल किया गया है:
- अरुण यादव (पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं पूर्व प्रदेश अध्यक्ष)
- कमलेश्वर पटेल (पूर्व मंत्री एवं वरिष्ठ नेता)
- हीना कांवरे (पूर्व विधानसभा उपाध्यक्ष)
- सिद्धार्थ कुशवाहा (विधायक)
- विकास गुर्जर
- राजकुमार पटेल (पूर्व मंत्री)
- मध्य प्रदेश कांग्रेस ओबीसी विभाग के प्रदेश अध्यक्ष एवं पदेन सदस्य
प्रदेश में लगातार गरमाते ओबीसी आरक्षण के मुद्दे के बीच कांग्रेस की इस पहल को सियासी तौर पर बेहद अहम माना जा रहा है। समिति की सिफारिशों के आधार पर पार्टी आगामी दिनों में राज्यभर में आंदोलन और जनसंपर्क अभियान चलाएगी।

