Ranveer Singh Ban: रणवीर पर ‘बैन’ के बाद बॉलीवुड में कोहराम! मनोज बाजपेयी से लेकर चंकी पांडे तक ने FWICE को घेरा, एडिटर ने खोली पोल
Ranveer Singh Ban: डॉन 3 से बाहर होने के बाद बढ़ा विवाद, ‘बैन’ बनाम ‘नॉन-कोऑपरेशन’ पर इंडस्ट्री दो हिस्सों में बंटी
Ranveer Singh Ban: रणवीर सिंह के खिलाफ FWICE की कार्रवाई ने बॉलीवुड में नई बहस छेड़ दी है। पहले ‘बैन’ की खबर आई, फिर सफाई दी गई कि यह बैन नहीं बल्कि ‘असहयोग’ है। लेकिन तब तक मामला इतना बढ़ चुका था कि मनोज बाजपेयी से लेकर चंकी पांडे तक कई सितारे सामने आ गए। आखिर पूरा विवाद क्या है? पढ़िए पूरी खबर…
Ranveer Singh Ban: रणवीर सिंह पर ‘बैन’ या ‘असहयोग’? एक फैसले ने बॉलीवुड में मचा दिया बवाल
अभी रणवीर सिंह अपनी हालिया सफलता और आने वाले बड़े प्रोजेक्ट्स को लेकर चर्चा में थे, लेकिन अब वह एक नए विवाद के केंद्र में आ गए हैं। फिल्म ‘डॉन 3’ से उनके अचानक बाहर होने के बाद मामला इतना बढ़ गया कि FWICE (फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज) की कार्रवाई पर पूरी फिल्म इंडस्ट्री दो हिस्सों में बंटती नजर आ रही है।
पहले खबरें आईं कि रणवीर सिंह पर FWICE ने बैन लगा दिया है। इसके बाद सोशल मीडिया से लेकर फिल्म इंडस्ट्री तक बहस शुरू हो गई। हालांकि बाद में फेडरेशन की ओर से सफाई दी गई कि यह कोई “बैन” नहीं बल्कि “नॉन-कोऑपरेशन” यानी असहयोग का फैसला है। लेकिन तब तक विवाद काफी बड़ा हो चुका था।
आखिर रणवीर सिंह पर क्या हुई कार्रवाई?
FWICE के चीफ एडवाइजर अशोक पंडित ने बाद में स्पष्ट किया कि फेडरेशन किसी कलाकार पर सीधे तौर पर प्रतिबंध नहीं लगा सकता। उन्होंने कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से पेश किया गया।
उन्होंने बताया कि फेडरेशन ने अपने सदस्यों से सिर्फ यह कहा है कि जब तक मामला स्पष्ट नहीं हो जाता, तब तक वे रणवीर सिंह के साथ किसी भी फिल्म या प्रोजेक्ट में काम नहीं करेंगे।
अशोक पंडित के अनुसार यह फैसला इसलिए लिया गया क्योंकि फेडरेशन को डर है कि भविष्य में यह एक गलत ट्रेंड की शुरुआत हो सकती है।
संजय गुप्ता ने उठाया बड़ा सवाल
FWICE के इस फैसले के बाद सबसे तीखी प्रतिक्रिया फिल्ममेकर संजय गुप्ता की तरफ से आई।
उन्होंने सोशल मीडिया पर सवाल उठाते हुए लिखा कि किसी बड़े अभिनेता के साथ शूटिंग के दौरान सेट पर सिर्फ अभिनेता ही नहीं बल्कि सैकड़ों लोग काम करते हैं।
उन्होंने कहा कि-
“अगर आप किसी स्टार को रोकते हैं तो सिर्फ उसी को नहीं, बल्कि उससे जुड़े सैकड़ों कर्मचारियों की रोजी-रोटी पर भी असर पड़ता है।”
संजय गुप्ता का कहना था कि इस तरह की कार्रवाई का असर सिर्फ कलाकार पर नहीं बल्कि पूरी इंडस्ट्री पर पड़ सकता है।
मनोज बाजपेयी ने दी संतुलित प्रतिक्रिया
Ranveer Singh Ban विवाद पर अभिनेता मनोज बाजपेयी ने भी प्रतिक्रिया दी। हालांकि उन्होंने सीधे तौर पर किसी पक्ष का समर्थन नहीं किया।

उन्होंने कहा कि फिलहाल इंडस्ट्री के ज्यादातर लोग इस मामले के बारे में सोशल मीडिया से ही जानकारी हासिल कर रहे हैं और पूरी स्थिति स्पष्ट नहीं है।
उन्होंने उम्मीद जताई कि यह मामला जल्द सुलझ जाएगा।
चंकी पांडे को याद आए अपने पुराने दिन
विवाद के बीच अभिनेता चंकी पांडे ने भी अपना अनुभव साझा किया।
उन्होंने बताया कि अपने शुरुआती करियर में उन्हें भी एक बार फेडरेशन की कार्रवाई का सामना करना पड़ा था। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि उस दौर के बड़े सितारों पर ऐसे फैसलों का ज्यादा असर नहीं पड़ता था।
चंकी ने रणवीर विवाद पर अधिक टिप्पणी करने से इनकार किया लेकिन उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री में मौजूद असमानताओं की ओर जरूर इशारा किया।
फिल्म एडिटर श्वेता वेंकट ने निकाली नाराजगी
फिल्म एडिटर श्वेता वेंकट ने FWICE के रवैये पर सवाल उठाते हुए इसे “चुनिंदा गुस्सा” बताया।
उन्होंने दावा किया कि साल 2023 में फिल्म एडिटर्स ने भुगतान और काम की खराब परिस्थितियों को लेकर सामूहिक शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन उस पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
श्वेता ने कहा कि जब सैकड़ों एडिटर्स मदद मांग रहे थे तब फेडरेशन सक्रिय नहीं दिखा, लेकिन इस मामले में तेजी दिखाई गई।
FWICE की सफाई के बाद भी जारी है बहस
FWICE लगातार यह स्पष्ट कर रहा है कि यह किसी तरह का प्रतिबंध नहीं है, लेकिन “बैन” और “नॉन-कोऑपरेशन” के बीच का अंतर अब बहस का विषय बन गया है।
फिलहाल एक बात साफ है कि रणवीर सिंह का ‘डॉन 3’ से बाहर होना सिर्फ एक कास्टिंग बदलाव नहीं रहा, बल्कि यह फैसला बॉलीवुड की कार्यप्रणाली, ट्रेड यूनियनों की भूमिका और इंडस्ट्री की राजनीति पर बड़े सवाल खड़े कर रहा है।
