माओवाद को बड़ा झटका: दो वरिष्ठ नक्सली नेताओं ने छोड़ा हिंसा का रास्ता, डीजीपी के सामने किया आत्मसमर्पण
बस्तर। माओवादी संगठन को उस वक्त बड़ा झटका लगा जब इसके दो वरिष्ठ लीडर केंद्रीय समिति सदस्य पल्लूरी प्रसाद राव उर्फ शंकरन्ना उर्फ चंद्रन्ना और तेलंगाना स्टेट कमेटी सदस्य बंदी प्रकाश उर्फ प्रभात ने हिंसा का रास्ता छोड़ मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया।
दोनों नेताओं ने तेलंगाना के डीजीपी शिवधर रेड्डी के सामने आत्मसमर्पण किया। इस दौरान डीजीपी ने उनका मुख्यधारा में स्वागत करते हुए पुनर्वास योजना के तहत चेक प्रदान किया।
जानकारी के मुताबिक, पल्लूरी प्रसाद राव (64) पिछले 45 वर्षों से, जबकि बंदी प्रकाश करीब 42 वर्षों से भाकपा (माओवादी) संगठन से जुड़े हुए थे। दोनों संगठन में रणनीतिक और नेतृत्व स्तर पर सक्रिय भूमिकाएं निभा रहे थे और लंबे समय से भूमिगत जीवन बिता रहे थे।
