एक ट्रैक पर 3 ट्रेनें आमने-सामने! रेल प्रशासन ने तोड़ी चुप्पी, जारी किया बड़ा बयान, देखें वीडियो…
एक ट्रैक पर 3 ट्रेनें आमने-सामने!
बिलासपुर रेल मंडल में शुक्रवार को एक बार फिर बड़ी रेल दुर्घटना टल गई। बताया गया कि एक ही ट्रैक पर तीन ट्रेनों के एक साथ आने से यात्रियों के बीच कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि, बाद में रेलवे प्रबंधन ने स्पष्टीकरण जारी करते हुए बताया कि यह किसी तकनीकी खराबी का परिणाम नहीं, बल्कि ऑटोमैटिक सिग्नलिंग सिस्टम की सामान्य प्रक्रिया है।
रेलवे ने दी प्रणाली की जानकारी
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, ऑटोमैटिक सिग्नलिंग सिस्टम में हर एक किलोमीटर की दूरी पर सिग्नल लगाए जाते हैं। इस प्रणाली के तहत जब कोई ट्रेन किसी सिग्नल सेक्शन को पार करती है, तो उसके पीछे आने वाली ट्रेन को आगे बढ़ने की अनुमति मिल जाती है। इसी वजह से यात्रियों को ऐसा महसूस हुआ कि एक ही ट्रैक पर तीन ट्रेनें एक साथ चल रही हैं, जबकि वास्तव में सभी ट्रेनें सिग्नल नियंत्रण के तहत सुरक्षित दूरी पर थीं।
मालगाड़ियों और यात्री गाड़ियों के लिए समान ट्रैक
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि मालगाड़ी और यात्री गाड़ियों के लिए अलग ट्रैक नहीं होते, बल्कि दोनों प्रकार की गाड़ियां समान ट्रैक पर सिग्नल प्रणाली के माध्यम से नियंत्रित तरीके से चलाई जाती हैं। रेलवे ने बताया कि यह ऑटोमैटिक सिग्नलिंग प्रणाली वर्ष 2023 से बिलासपुर रेलखंड में लागू है और अब तक यह प्रणाली पूरी तरह सुरक्षित और प्रभावी साबित हुई है।
यात्रियों से अफवाहों से बचने की अपील
रेलवे प्रशासन ने नागरिकों और यात्रियों से अपील की है कि किसी भी तरह की भ्रामक खबरों या अफवाहों पर ध्यान न दें। रेलवे का कहना है कि यह तकनीक ट्रेनों के सुरक्षित और सुचारु संचालन के लिए तैयार की गई है, जिससे किसी भी तरह की दुर्घटना की संभावना न रहे।
