सावरकर पर टिप्पणी को लेकर राहुल गांधी पर बवाल: शिवसेना नेता की धमकी, कांग्रेस ने कहा – डरने वाली पार्टी नहीं
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा स्वतंत्रता सेनानी विनायक दामोदर सावरकर को लेकर की गई टिप्पणी अब बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनती जा रही है। राहुल ने सावरकर को ‘माफ़ीवीर’ कहकर संबोधित किया था, जिस पर महाराष्ट्र में महा विकास अघाड़ी (MVA) के घटक दलों — कांग्रेस और शिवसेना (उद्धव ठाकरे गुट) — के बीच तीखी बयानबाज़ी शुरू हो गई है।
शिवसेना (UBT) नेता ने दी धमकी
राहुल गांधी की टिप्पणी के विरोध में अब शिवसेना (UBT) के स्थानीय नेता बाला दराडे ने विवादास्पद बयान देते हुए खुलेआम धमकी दी है। नासिक शहर इकाई प्रमुख दराडे ने कहा है कि यदि राहुल गांधी नासिक आते हैं, तो उनके चेहरे पर कालिख पोती जाएगी या फिर उनके काफिले पर पथराव किया जाएगा। यह धमकी उन्होंने राहुल गांधी द्वारा सावरकर को ‘माफ़ीवीर’ कहे जाने को लेकर दी है। दराडे ने कहा, “हमें गर्व है कि हम सावरकर की जन्मभूमि में रहते हैं। राहुल गांधी की यह टिप्पणी पूरी तरह अपमानजनक है और हम इसे बर्दाश्त नहीं करेंगे।”
राहुल गांधी पर मानहानि का मामला दर्ज
राहुल गांधी के खिलाफ नासिक निवासी देवेंद्र भुताड़ा ने मानहानि का मुकदमा दायर किया है। भुताड़ा ने कहा है कि लोकसभा में विपक्ष के नेता द्वारा सावरकर को लेकर की गई टिप्पणियों से उनकी भावनाओं को गहरी ठेस पहुंची है। उन्होंने राहुल के बयान को ‘इतिहास को तोड़ने-मरोड़ने की कोशिश’ करार दिया और न्यायिक कार्रवाई की मांग की है।
शिवसेना (UBT) ने बयान से बनाई दूरी
इस पूरे मामले पर जब सवाल उठे, तो शिवसेना (UBT) की प्रवक्ता सुषमा अंधारे ने सफाई दी कि बाला दराडे का बयान पार्टी की आधिकारिक राय नहीं है। उन्होंने कहा कि यह दराडे की व्यक्तिगत प्रतिक्रिया है, और शिवसेना ऐसे किसी भी हिंसक बयान या धमकी का समर्थन नहीं करती।
कांग्रेस ने धमकी की कड़ी निंदा की
कांग्रेस ने बाला दराडे की धमकी को लेकर तीखा विरोध जताया है। महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने बयान जारी कर कहा, “यह बेहद कायरतापूर्ण बयान है। राहुल गांधी के पिता राजीव गांधी और दादी इंदिरा गांधी ने देश के लिए बलिदान दिया है। कांग्रेस किसी धमकी से डरने वाली नहीं है।” उन्होंने स्पष्ट किया कि राहुल गांधी ने सावरकर पर कोई अपमानजनक टिप्पणी नहीं की है।
इतिहास का हवाला देकर राहुल का बचाव
कांग्रेस नेता हर्षवर्धन सपकाल ने कहा कि राहुल गांधी की टिप्पणियों में ऐतिहासिक संदर्भ निहित हैं और उसमें कुछ भी नया नहीं है। उन्होंने कहा कि अरुण शौरी जैसे वरिष्ठ पत्रकार और पूर्व मंत्री ने भी अपनी पुस्तक में वही बातें लिखी हैं। सपकाल ने दोहराया कि राहुल गांधी ने केवल वही कहा है जो इतिहास में पहले से दर्ज है। कांग्रेस की पूर्व मंत्री यशोमती ठाकुर ने भी राहुल गांधी का समर्थन किया और कहा कि “जो इतिहास में लिखा है, वही राहुल गांधी ने दोहराया है।”
राजनीतिक टकराव के संकेत
इस विवाद से साफ है कि महा विकास अघाड़ी के घटकों — कांग्रेस और शिवसेना (UBT) — के बीच आंतरिक मतभेद एक बार फिर सतह पर आ गए हैं। जहां एक तरफ शिवसेना सावरकर को अपमानित करने का मुद्दा उठाकर अपना हिंदुत्व कार्ड मजबूत करने की कोशिश कर रही है, वहीं कांग्रेस अपने नेता के बयान का बचाव करते हुए यह कह रही है कि यह इतिहास का तथ्य है।
