युक्तियुक्तकरण में भारी गड़बड़ी: 154 छात्रों के लिए 11 सहायक शिक्षकों की पोस्टिंग, शिक्षक साझा मंच ने की जांच की मांग
बिलासपुर। जिले का बिल्हा, जो सबसे बड़ा विकासखंड और न्यायधानी के मुख्यालय के रूप में जाना जाता है, वहां शिक्षक युक्तियुक्तकरण प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएं सामने आई हैं। शिक्षक साझा मंच, बिलासपुर ने आरोप लगाया है कि शासकीय प्राथमिक शाला बेलटूकरी, संकुल अमलडीहा, ब्लॉक बिल्हा में 154 नामांकित छात्र हैं, लेकिन वहां केवल एक शिक्षिका कार्यरत है। इस विद्यालय में पांच अतिरिक्त शिक्षकों की पदस्थापना होनी थी, लेकिन प्रक्रिया में भारी गड़बड़ी पाई गई।
शिक्षक साझा मंच का कहना है कि जब ब्लॉक के कर्मचारी अतिशेष शिक्षकों की सूची व रिक्त पद तैयार कर रहे थे, तब जेडी बिलासपुर द्वारा निर्देश दिए गए थे, पर अब जब त्रुटियां उजागर हो रही हैं तो वे इस पर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
एक ही विद्यालय में हुई 10 शिक्षकों की पदस्थापना:
युक्तियुक्तकरण प्रक्रिया के दौरान शासकीय प्राथमिक शाला बेलटूकरी में दो अलग-अलग स्थानों पर पांच-पांच सहायक शिक्षकों की पोस्टिंग कर दी गई, जिससे कुल 10 शिक्षकों की पदस्थापना एक ही विद्यालय में हो गई। जब शिक्षक कार्यभार ग्रहण करने पहुंचे तो उन्हें यह जानकर हैरानी हुई कि वहां उनके लिए कोई स्थान उपलब्ध नहीं है।
शिक्षकों का आरोप है कि इस प्रक्रिया में वरिष्ठता की अनदेखी हुई है—वरिष्ठ शिक्षकों को कनिष्ठ और कनिष्ठ शिक्षकों को वरिष्ठ बना दिया गया है। साथ ही, छात्रों की संख्या बढ़ाकर दर्शाई गई ताकि कुछ “परिचितों” को लाभ पहुंचाया जा सके। भाई-भतीजावाद और जान-पहचान के आधार पर पदस्थापन में पक्षपात किए जाने के आरोप भी लगाए गए हैं।
शिक्षक साझा मंच ने इस पूरे मामले की जांच की मांग करते हुए, बिल्हा के बीईओ को तत्काल पद से हटाने की अपील की है। मंच ने यह भी मांग की है।

