Sonam Wangchuk Arrest Update: लद्दाख DGP का बड़ा दावा, सोनम वांगचुक की गिरफ्तारी पर विदेशी लिंक की जांच
Sonam Wangchuk Arrest Update
लद्दाख। Sonam Wangchuk Arrest Update: पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की गिरफ्तारी को लेकर लद्दाख पुलिस ने बड़ा बयान दिया है। डीजीपी एस.डी. सिंह जमवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दावा किया कि हालिया हिंसा से पहले कई भड़काऊ भाषण दिए गए, जिनसे बातचीत की प्रक्रिया पटरी से उतर गई।
हिंसा से पहले की घटनाएं
डीजीपी ने बताया कि केंद्र सरकार के साथ 24 सितंबर को बैठक तय थी। इससे पहले 10 सितंबर से भूख हड़ताल शुरू हुई और 25-26 सितंबर को प्रारंभिक बैठकें भी प्रस्तावित थीं। लेकिन, कुछ लोगों ने इस आंदोलन को मंच बनाकर माहौल बिगाड़ दिया। उनका आरोप है कि सोनम वांगचुक ने भी ऐसे बयान दिए, जिनसे वार्ता बाधित हुई।
पांच हजार लोग हिंसा में शामिल
जमवाल ने कहा कि इस दौरान 5 से 6 हजार लोगों ने सरकारी इमारतों और राजनीतिक दलों के कार्यालयों पर हमला किया। इन झड़पों में चार लोगों की मौत हुई, जबकि बड़ी संख्या में नागरिक, पुलिस और अर्धसैनिक बलों के जवान घायल हुए।
विदेशी संबंधों की पड़ताल
डीजीपी जमवाल ने यह भी बताया कि जांच में दो और लोग पकड़े गए हैं। उनके अनुसार, “क्या यह लोग किसी बड़ी साजिश का हिस्सा हैं, यह अभी कहना मुश्किल है, लेकिन संभावित पाकिस्तानी संपर्कों की जांच की जा रही है।” उन्होंने दावा किया कि सोनम वांगचुक की पहले पाकिस्तान और बांग्लादेश यात्रा और इस्लामाबाद स्थित अधिकारियों से कथित बातचीत की भी जांच हो रही है।
गिरफ्तारी क्यों हुई
जमवाल ने कहा, “योजना और समन्वय पहले से किया गया था। आगे कोई तनाव न बढ़े, इसलिए गिरफ्तारी जरूरी थी।” उन्होंने यह भी बताया कि कर्फ्यू में दो चरणों में ढील देने की योजना है।
एनएसए के तहत कार्रवाई
सोनम वांगचुक को राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत गिरफ्तार किया गया है। अधिकारियों के मुताबिक, उन्हें शुक्रवार को लद्दाख में हिरासत में लेने के बाद जोधपुर सेंट्रल जेल भेजा गया। उनकी गिरफ्तारी लेह में हाल ही में हुए प्रदर्शनों के बाद हुई है।
