मुख्यमंत्री साय ने जनदर्शन में सुनी लोगों की समस्याएं, जरूरतमंदों को मिली त्वरित सहायता
रायपुर : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज मुख्यमंत्री निवास में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम में दूर-दूर से पहुंचे लोगों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान किए।
जनदर्शन की शुरुआत में उन्होंने रायपुर के तेलीबांधा की रहने वाली 11 वर्षीय पूनम से भेंट की, जो सेरेब्रल पाल्सी से जूझ रही है और बोलने में असमर्थ है। पूनम अपनी पैरों से सुंदर चित्र बनाती है। मुख्यमंत्री ने पूनम से आत्मीयता से बातचीत की और उसकी मां को आश्वस्त करते हुए कहा, “हम आपके साथ हैं, बिटिया के लिए चिंता करने की कोई आवश्यकता नहीं है।” उन्होंने पूनम की पढ़ाई के लिए विशेष विद्यालय में भर्ती कराने और छात्रवृत्ति देने के निर्देश दिए।
दिव्यांग खिलाड़ी पिंटू राम साहू को मिली 90 हजार की सहायता
जनदर्शन कार्यक्रम में रायपुर जिले के अभनपुर से आए दिव्यांग रग्बी खिलाड़ी पिंटू राम साहू ने व्हीलचेयर और खेल सामग्री के लिए आर्थिक मदद की मांग की। उनकी स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री ने तत्काल 90 हजार रुपए की सहायता राशि स्वीकृत की और उन्हें चेक प्रदान किया।
पिंटू राम साहू पिछले चार वर्षों से खेल जगत से जुड़े हैं। वे हाल ही में ग्वालियर में आयोजित रग्बी टूर्नामेंट में शामिल हुए थे और बी.ए. फाइनल ईयर के छात्र हैं। सहायता मिलने पर उन्होंने कहा कि यह सहयोग उनके लिए प्रेरणा है और अब वे छत्तीसगढ़ का नाम रोशन करने के लिए और मेहनत करेंगे।
भिलाई के कलाकार अंकुश देवांगन ने भेंट किया अनोखा फ्रेम
भिलाई निवासी 55 वर्षीय अंकुश देवांगन ने अपनी अद्भुत कला से सभी को चकित कर दिया। उन्होंने मुख्यमंत्री को एक विशेष फ्रेम भेंट किया, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की संगमरमर पर उकेरी गई सूक्ष्म प्रतिमा और पीछे अयोध्या स्थित रामलला मंदिर की प्रतिकृति है। फ्रेम में माइक्रोस्कोपिक लेंस लगाया गया है, जिससे मोदी जी के चेहरे के भाव और बारीकियाँ देखी जा सकती हैं।
मुख्यमंत्री ने इस कला की सराहना करते हुए कहा, “यह केवल कला नहीं, बल्कि समर्पण और धैर्य का प्रतीक है।” उन्होंने देवांगन को राज्य स्तर पर प्रदर्शनी लगाने का सुझाव दिया और कहा कि ऐसे प्रतिभाशाली कलाकारों को प्रोत्साहन देना सरकार की जिम्मेदारी है।
अंकुश देवांगन भिलाई स्टील प्लांट में कार्यरत हैं और पिछले 45 वर्षों से माइक्रो आर्ट के क्षेत्र में नई पहचान बना रहे हैं। उन्होंने बताया कि इस आधे सेंटीमीटर की प्रतिमा को तैयार करने में उन्हें दो महीने का समय लगा। उनका अगला लक्ष्य दुनिया की सबसे छोटी राम सेतु प्रतिकृति बनाना है।
श्रवण यंत्र पाकर खुश हुए रमन निर्मलकर
जनदर्शन में रायपुर के ब्राह्मणपारा निवासी रमन निर्मलकर ने बताया कि वे श्रवण क्षमता खो चुके हैं और आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण श्रवण यंत्र नहीं खरीद पा रहे थे। उनकी समस्या सुनते ही मुख्यमंत्री ने तत्काल उन्हें श्रवण यंत्र प्रदान किया।
रमन निर्मलकर ने खुशी व्यक्त करते हुए कहा, “अब मैं फिर से सुन पा रहा हूं। मुख्यमंत्री ने मेरी तकलीफ समझी और तुरंत मदद की, इसके लिए मैं आभारी हूं।”
यह जनदर्शन कार्यक्रम मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की संवेदनशीलता और जनकल्याण के प्रति समर्पण को दर्शाता है। वे न केवल लोगों की समस्याएँ सुन रहे हैं, बल्कि तत्काल समाधान कर “जनसेवा ही सरकार का धर्म” का संदेश भी दे रहे हैं।
