Bihar Election 2025: विधानसभा चुनाव से पहले तीन पूर्व विधायकों ने बदला पाला, टिकट की दौड़ तेज

Bihar Election 2025 update

Bihar Election 2025 update

किशनगंज। Bihar Election 2025: बिहार में विधानसभा चुनाव नजदीक आते ही नेताओं का दल-बदल तेज़ हो गया है। तीन पूर्व विधायक—मुजाहिद आलम, कमरूल होदा और गोपाल कुमार अग्रवाल—ने नई पार्टियों का दामन थाम लिया है। माना जा रहा है कि इन नेताओं का मकसद अपनी-अपनी सीटों से टिकट पाना है, जिससे मौजूदा विधायकों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।

मुजाहिद आलम: जदयू से राजद में

कोचाधामन सीट से दो बार जदयू विधायक रह चुके मुजाहिद आलम हाल ही में राजद में शामिल हो गए। 2014 के उपचुनाव में जदयू के टिकट पर जीत दर्ज करने वाले मुजाहिद ने 2015 के विधानसभा चुनाव में एआईएमआईएम के अख्तरूल इमाम को हराया था। हालांकि 2020 में उन्हें एआईएमआईएम के इजहार असफी से करीब 40 हजार मतों से हार का सामना करना पड़ा। उनका कहना है कि बदले हालात ने उन्हें नीतीश कुमार से 15 साल पुराना रिश्ता तोड़ने पर मजबूर किया। अब वे कोचाधामन से राजद टिकट के प्रबल दावेदार माने जा रहे हैं।

कमरूल होदा: कांग्रेस में नई पारी

किशनगंज सदर सीट से 2019 के उपचुनाव में एआईएमआईएम के टिकट पर विधायक बने कमरूल होदा ने 2020 में भी उसी पार्टी से किस्मत आजमाई, लेकिन तीसरे स्थान पर रहे। इसके बाद वे राजद में शामिल हुए और जिलाध्यक्ष बने। कुछ समय पहले उन्होंने निजी कारणों से राजद छोड़ने का ऐलान किया और 2 सितंबर को कांग्रेस में शामिल हो गए। कांग्रेस के पास वर्तमान में किशनगंज सदर सीट है, जहां अब टिकट की दावेदारी को लेकर प्रतिस्पर्धा बढ़ गई है।

गोपाल कुमार अग्रवाल: जदयू में वापसी

ठाकुरगंज सीट से 2005 में सपा के टिकट पर विधायक बने गोपाल कुमार अग्रवाल ने कई बार दल बदले। वे जदयू में शामिल हुए, फिर 2020 में निर्दलीय प्रत्याशी बने और दूसरे स्थान पर रहे। हाल ही में उन्होंने एक बार फिर जदयू का दामन थाम लिया है। माना जा रहा है कि अगर ठाकुरगंज सीट जदयू के खाते में आती है तो वे टिकट के प्रबल दावेदार होंगे।

बिहार विधानसभा चुनाव से पहले इन तीनों नेताओं के कदम ने न सिर्फ अपने-अपने क्षेत्रों की सियासत को गरमा दिया है, बल्कि मौजूदा विधायकों के लिए भी चुनौती खड़ी कर दी है।

Youthwings