खस्ताहाल हाईवे पर फंसी स्कूली बस, प्रतियोगिता से चूके.. बच्चों ने वीडियो जारी कर जताई नाराजगी
नारायणपुर। छत्तीसगढ़ का नारायणपुर–कोंडागांव राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-130D) अब विकास नहीं बल्कि बदहाली और लापरवाही का प्रतीक बन चुका है। शनिवार को इस सड़क की खस्ता हालत के कारण स्कूली छात्रों से भरी बस घंटों कीचड़ और गड्ढों में फंसी रही। बच्चे जगदलपुर में होने वाली प्रतियोगिता में हिस्सा लेने निकले थे, लेकिन सड़क की दुर्दशा के चलते समय पर नहीं पहुंच पाए और उन्हें निराश होकर वापस लौटना पड़ा। बच्चों ने वीडियो जारी कर सरकार और प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई है।
निर्माण कार्य कछुए की चाल, यात्रियों की मुसीबत
जानकारी के अनुसार, नारायणपुर–कोंडागांव मार्ग का निर्माण वर्षों से अधूरा पड़ा है। सड़क की स्थिति इतनी खराब है कि कभी यात्री बसें तो कभी एंबुलेंस तक घंटों कीचड़ में फंसी रहती हैं। शुक्रवार को भी कई गाड़ियां घंटों तक जाम में पड़ी रहीं। भारी खनन वाहनों का दबाव और ठेकेदारों की लापरवाही ने इस सड़क को गड्ढों और दलदल में बदल दिया है।
बस मालिकों का बड़ा फैसला – सेवाएं बंद
सड़क की बदतर हालत से तंग आकर बस मालिकों ने नारायणपुर से कोंडागांव और नारायणपुर से ओरछा मार्ग पर अनिश्चितकालीन बस सेवा बंद करने का ऐलान कर दिया है। उनका कहना है कि रोजाना वाहनों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है—टायर फटना, पत्ते टूटना और बस खराब होना आम हो गया है। ऊपर से घंटों जाम में फंसने से यात्रियों और छात्रों को भारी परेशानी उठानी पड़ती है।
बड़ा सवाल – कब सुधरेगा हाल?
यह सड़क न केवल स्थानीय लोगों बल्कि स्कूली बच्चों और मरीजों के लिए भी मुसीबत का सबब बन चुकी है। बावजूद इसके सरकार और प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। NH-130D की यह बदहाली अब सीधे तौर पर बच्चों के भविष्य, स्वास्थ्य सुविधाओं और स्थानीय अर्थव्यवस्था पर चोट कर रही है।
