US India Relations: पीएम मोदी के चीन दौरे से खफा ट्रंप, भारत को रूसी तेल खरीदने पर और टैरिफ लगाने की दी धमकी
US India Relations
नई दिल्ली | US India Relations: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया चीन दौरे के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत को नई चेतावनी दी है। ट्रंप ने कहा है कि अगर भारत रूस से तेल खरीदना जारी रखता है, तो उस पर और सख्त टैरिफ लगाए जाएंगे। उनका कहना है कि भारत पर पहले ही प्रतिबंध लगाए जा चुके हैं और “दूसरा और तीसरा चरण” अभी बाकी है।
पत्रकार के सवाल पर भड़के ट्रंप
व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस में पोलैंड के राष्ट्रपति करोल नवरोकी के साथ मुलाकात के दौरान एक पोलिश पत्रकार ने ट्रंप से पूछा कि रूस पर उनकी कार्रवाई कमजोर क्यों मानी जा रही है। इस सवाल पर ट्रंप भड़क गए और कहा कि भारत, जो रूस का दूसरा सबसे बड़ा तेल खरीदार है, पहले ही अमेरिकी टैरिफ का सामना कर रहा है। उन्होंने कहा कि इससे रूस को सैकड़ों अरब डॉलर का नुकसान हुआ है और यह किसी ठोस कार्रवाई से कम नहीं है।
भारत पर 50% तक टैरिफ
ट्रंप ने दावा किया कि भारत पर रूस से तेल खरीदने के चलते 25% अतिरिक्त टैरिफ लगाया गया है, जिससे कुल टैरिफ 50% हो चुका है। यह नया शुल्क 27 अगस्त से लागू हो गया है। ट्रंप ने कहा कि अगर भारत ने खरीद जारी रखी तो और भी बड़े कदम उठाए जाएंगे।
भारत पर अनुचित व्यापार नीति का आरोप
अमेरिकी राष्ट्रपति ने भारत की व्यापार नीतियों को “एकतरफा और अनुचित” बताया। उन्होंने कहा कि भारत हमें टैरिफ के ज़रिए नुकसान पहुंचा रहा है। ट्रंप ने चीन और ब्राज़ील को भी इसी श्रेणी में रखा और आरोप लगाया कि ये देश अमेरिका को टैरिफ से “मारते” हैं।
पीएम मोदी की प्रतिक्रिया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्रंप की धमकियों पर जवाब देते हुए कहा है कि भारत किसानों, पशुपालकों और लघु उद्योगों के हितों से समझौता नहीं करेगा। उन्होंने अमेरिकी टैरिफ को “अनुचित” बताया और साफ किया कि भारत अपने राष्ट्रीय हित और आर्थिक सुरक्षा की रक्षा के लिए हर ज़रूरी कदम उठाएगा।
बड़ा भू-राजनीतिक संकेत
ट्रंप का यह बयान ऐसे समय में आया है जब पीएम मोदी ने चीन का दौरा किया है और रूस, चीन और उत्तर कोरिया के नेताओं की सैन्य परेड में मौजूदगी ने अमेरिका की चिंता और बढ़ा दी है। विश्लेषकों का मानना है कि ट्रंप का यह रुख भारत पर दबाव बनाने और रूस को आर्थिक रूप से कमजोर करने की रणनीति का हिस्सा है।
