जीवन ठाकुर की संदिग्ध जेल मौत पर बस्तर में पूर्ण बंद, कांग्रेस ने लगाया राजनीतिक हत्या का आरोप…
जगदलपुर। रायपुर सेंट्रल जेल में कांकेर के कांग्रेस नेता एवं पूर्व जनपद अध्यक्ष जीवन ठाकुर की 4 दिसंबर को हुई संदिग्ध मौत के विरोध में मंगलवार को सर्व आदिवासी समाज के बस्तर बंद का व्यापक असर रहा। बस्तर संभाग के सातों जिलों में बाजार, दुकानें, स्कूल-कॉलेज, पेट्रोल पंप और निजी वाहन सड़कों से गायब रहे। जगदलपुर में सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने बाइक रैली निकालकर बंद को सफल बनाया।
कांग्रेस ने बंद को पूर्ण समर्थन दिया। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने इसे “राजनीतिक हत्या” करार देते हुए कहा,
“जीवन ठाकुर को फर्जी FIR में फंसाकर जेल भेजा गया। कांकेर जेल में प्रताड़ना दी गई। बिना परिवार को सूचना दिए रायपुर शिफ्ट किया गया। समय पर इलाज नहीं हुआ, इसलिए उनकी जान गई। यह सुनियोजित हत्या है। दोषी तहसीलदार, थाना प्रभारी और जेल अधिकारियों पर तुरंत कार्रवाई हो।”
परिजनों ने भी जेल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि जीवन ठाकुर पूरी तरह स्वस्थ थे। अचानक तबीयत बिगड़ने की बात झूठ है। सही समय पर इलाज मिलता तो उनकी जान बच सकती थी।
मामले में बड़ी कार्रवाई
- सरकार ने रायपुर सेंट्रल जेल और कांकेर जेल के अधीक्षकों का तबादला किया
- मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, रायपुर ने पूरी घटना की न्यायिक जांच के आदेश जारी कर दिए
- जांच रिपोर्ट आने तक दोनों जेलों के तत्कालीन अधिकारी निलंबन के दायरे में
