उपमुख्यमंत्री ने नक्सल मोर्चे पर बहादुरी दिखाने वाले जवानों के साथ किया रात्रि भोज
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने नक्सल क्षेत्रों में अपनी बहादुरी और समर्पण से विकास का मार्ग खोलने वाले जवानों के लिए अपने निवास पर रात्रि भोज का आयोजन किया। इस अवसर पर बस्तर संभाग के सुकमा, बीजापुर, दंतेवाड़ा, नारायणपुर, बस्तर, कांकेर और कोण्डागांव जिलों से पुलिस बल, डीआरजी और बस्तर फाइटर के जवान शामिल हुए।
जवानों के अनुभव साझा करने का अवसर
उपमुख्यमंत्री ने सभी जवानों के साथ भोजन किया और उनके अनुभव सुने। डीआरजी के जवानों ने बताया कि कैसे उन्होंने दुर्गम पहाड़ियों और जंगलों में नक्सलियों का सामना किया और स्थानीय लोगों में उम्मीद की किरण जगाई। उन्होंने यह भी साझा किया कि अब बस्तर धीरे-धीरे विकास के मार्ग पर अग्रसर है।
महिला जवानों का साहस
बस्तर फाइटर की महिला जवानों ने कहा कि वे घने जंगलों में कई दिनों तक रहते हुए भी अपने कर्तव्य का पालन करती हैं और हर मोर्चे पर नक्सलियों का सामना करती हैं। उन्होंने यह भी बताया कि शासन की उत्कृष्ट पुनर्वास नीति से मुख्यधारा से भटक गए युवा अब धीरे-धीरे समाज में लौट रहे हैं।

सरकारी योजनाओं से ग्रामीणों में बढ़ा विश्वास
जवानों ने यह बताया कि कैम्पों की स्थापना और “नियद नेल्लानार” तथा “इलवद ग्राम पंचायत” जैसी योजनाओं के माध्यम से ग्रामीणों में शासन और सुरक्षा के प्रति विश्वास बढ़ा है। अब ग्रामीण नक्सलवाद से मुक्त होकर विकास की ओर बढ़ रहे हैं।
उपमुख्यमंत्री का संदेश और प्रोत्साहन
उपमुख्यमंत्री ने जवानों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव के नेतृत्व में सरकार मार्च 2026 तक नक्सलवाद को जड़ से खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है। उनका उद्देश्य है कि राज्य के अंतिम क्षेत्रों में बसे लोगों तक भी सभी योजनाओं का लाभ पहुंचे और समग्र विकास सुनिश्चित हो।
